Post by Onkare Am
Mechanical engineer at NIEPL
कबीर, सात समुद्र की मसि करूँ, लेखनी करूँ बनराय । धरती का कागज करूँ, गुरू गुण लिखा ना जाये ।। कबीर साहेब जी कहते हैं कि यदि सारी धरती को कागज मान लिया जाए, सारे जंगल-वनों की लकड़ी की कलम बना ली जाए तथा सातों समुन्द्रो की स्याही हो तो भी गुरु के गुण नहीं लिखे जा सकते। गुरु की महिमा अंनत हैं, गुरु का ज्ञान असीम और अनमोल हैं। #सत_भक्ति_संदेश #India #Innovation #Management #HumanResources #DigitalMarketing #Technology #Creativity #Future #Futurism #Entrepreneurship #Careers #SantRampalJiQuotes #SantRampalJiMaharaj #SaintRampalJi #SatlokAshram